आचार्य श्री बालक राय की 104वीं जयंती महारानी भवन में आयोजित  

आचार्य श्री बालक राय की 104वीं जयंती महारानी भवन में आयोजित (1)

साहेबगंज/संवाददाता: झारखंड राय भाषा साहित्य अकादमी के तत्वावधान में आचार्य श्री बालक राय की 104वीं जयंती महारानी भवन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ समाजसेवी केशव प्रसाद तमाकूवाला ने किया। विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रोफेसर महेंद्र प्रसाद सिंह एवं पारस राय जी उपस्थित थे कार्यक्रम का संचालन विक्रमशिला हिंदी विश्व विद्यापीठ के उपपति व अकादमी के अध्यक्ष डॉक्टर रामजन्म मिश्र ने किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ महेंद्र प्रसाद सिंह ने आचार्य जी के उदार व्यक्तित्व पर विस्तार से प्रकाश डाला उन्होंने बताया कि आचार्य जी संत प्रवृत्ति के थे हिंदी साहित्य के वरेण्य विद्वान थे। उनके कार्यकाल में साहिबगंज महाविद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियां और शिक्षक पर गतिविधियां अपने सर्वश्रेष्ठ मुकाम पर थी उनके कार्यकाल में आयोजित महाविद्यालय का रजत जयंती समारोह अविस्मरणीय था और द्वितीय था पूरे भारत में इस जोड़ का कोई समारोह शायद ही आयोजित होता हो।

रसायन विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रोफेसर पारस भाई ने आचार्य जी के साथ जुड़े कई संस्करणों को सुनाया और कहा कि आप आचार्य जी की स्मृति में आचार्य शिव बालक राय व्याख्यानमाला आयोजित किया जाए। बक्सर रामजन्म मिश्र ने आचार्य  शिवबालक राय की आदमकद प्रतिमा स्थापित करने का प्रस्ताव दिया सर्वसम्मति से स्वीकार किया गया साथ ही एक अभिनंदन ग्रंथ भी प्रकाशित करने की बात कही गई। आचार्य शिव बालक राय कि अगले जन्म जयंती पर आदमकद प्रतिमा स्थापित कर लिया जाएगा ऐसा निर्णय लिया गया।

प्रसिद्ध लेखक अनिरुद्ध प्रभास में अपने छात्र जीवन के आचार्य जी से जुड़े संस्थानों को सुनाया और कहा कि आचार्य जी महामानव के शिक्षा के प्रति समर्पित आचार्य जी सर्वदा छात्र हित और महाविद्यालय हित को आगे रखा जिसके बल पर साहिबगंज महाविद्यालय भारतवर्ष का प्रसिद्ध महाविद्यालय बन सका। युवा कवि आनंद मोदी ने आचार्य जी के प्रति अपने उद्गार व्यक्त किए। कार्यक्रम का संचालन झारखंड राजभाषा साहित्य अकादमी के सचिव सच्चिदानंद ने किया।

इस अवसर पर शिव कुमार शर्मा कुमार गौरव , शिक्षिका सीमा आनंद, छात्रा शिवानी आनंद, विमल मुर्मू, सौरव कुमार मिश्रा सहित दर्जनों उपस्थित थे।